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भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने आगरा की जनता को छला, योगी सरकार के अभियान को लगा पलीता

by admin

Agra. पिछले कुछ दिनों में आगरा शहर की जो तस्वीर सामने आई है उसके हर कोई परेशान है। कुछ देर की बारिश से जहाँ शहर की अधिकतर कालोनी जलमग्न हो गयी तो वहीँ सड़कों में बने गड्डो में गिरकर कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इन तस्वीरों ने भाजपा और पार्टी के जनप्रतिनिधियों के विकास के वादों की पोल खोल दी है। इन मूलभूत समस्याओं को लेकर कांग्रेस के पूर्व जिला अध्यक्ष दुष्यंत शर्मा ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है।दुष्यंत शर्मा ने दो टूक शब्दों में कहा है कि आगरा शहर की यह स्थिति तब है जब शहर में केंद्र और प्रदेश के तीन मंत्री कई राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त जनप्रतिनिधि रहते है। भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने शहर की मूलभूत समस्याओं का समाधान तो नहीं किया लेकिन पिछले चार साल में सभी अखबारों में अपनी फोटो छपवाने में कहीं भी पीछे नजर नहीं आये हैं।

कांग्रेस के पूर्व जिला अध्यक्ष दुष्यंत शर्मा का कहना है कि उत्तर प्रदेश में विकास के नाम पर भाजपा ने मतदाताओं से वोट लिया। सभी ने जनता से क्षेत्र में विकास और उनकी मूलभूत समस्याओं के समाधान का आश्वासन देकर मत हासिल किए लेकिन नतीजा वहीं ढाक के तीन पात है। अब इन जनप्रतिनिधियों को शहरवासियों की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है। आज तक इनमें से कोई वायदा पूरा होता हुआ दिखाई नहीं दिया। 4 साल में सिर्फ कागजों में विकास हुआ है जिसकी पोल बेमौसम बरसात ने खोल दी है।

दो दिन पहले हुई बरसात से शहर की पॉश कालोनी से लेकर मलिन बस्तियों तक में भीषण जलभराव हुआ। खेरिया मोड पर सड़कों पर पानी भर गया। इसी तरह आगरा-दिल्ली हाइवे पर जगह-जगह पानी भर गया। कालिंदी विहार में बरसात का पानी घरों में घुस गया। टेढ़ी बगिया में नालों की सफाई न होने के कारण गलियों में घुटनों तक पानी भर गया। सबसे ज्यादा परेशानी हलवाई की बगीची, मदिया कटरा, गोकुलपुरा, लंगडे़ की चौकी, लोहामंडी के नाले वाली बस्ती और बिजलीघर के आसपास की बस्तियां शामिल है। शहर की इस समस्या से भाजपा के जनप्रतिनिधि रूबरू है लेकिन दृण इच्छाशक्ति न होने के कारण जलभराव का कोई समाधान नही निकल पाया है।

पूर्व जिलाध्यक्ष ने सरकार के गड्ढा मुक्त अभियान को लेकर भी तीखा हमला बोला। उनका कहना था कि प्रदेश सरकार ने कहा था कि शहर की सड़कें गड्डा मुक्त होगी लेकिन आगरा शहर में ऐसा कहीं दिखाई नहीं देता। इसको लेकर अभियान भी चलाया और जनता का पैसा भी ठिकाने लग गया लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। इस समय लोगों का सड़कों पर चलना भी दूभर हो गया है। उनको यह नहीं पता कि सड़क गड्ढे में है या फिर गड्ढा सड़क में है। सड़क पर निकलते वक्त ही लोग अपनी जान की सलामती की दुआ करने लगते है क्योंकि कब कहा और कौन सा गड्डा आपका काल बन जाये आपको भी पता नही होगा।

दुष्यंत शर्मा ने स्मार्ट सिटी योजना को लेकर भी सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर हमला बोला। उनका कहना है कि आगरा शहर स्मार्ट सिटी योजना में है। इस योजना के तहत ताजमहल के आसपास के लगभग 10 वार्डो में इस योजना के तहत कार्य हो रहे हैं लेकिन इस योजना से शहर के इन वार्डो की सूरत व सीरत तो नहीं बदली लेकिन शहर की स्थिति पहले कि अपेक्षा और ज्यादा खराब हो गयी है। जगह जगह गड्ढे खुदे हुए है और जो कार्य भी किया जा रहा है वो ठीक नहीं है। आए दिन आम लोग हादसे का शिकार हो रहे हैं स्मार्ट सिटी कार्य में हद दर्जे की लापरवाही देखने को मिल रही है।

पूर्व जिला अध्यक्ष दुष्यंत शर्मा का कहना है कि पिछले 4 सालों में आम जनमानस ने भाजपा सरकार और उनके जनप्रतिनिधियों के कार्यकाल को भी देख लिया है। उन्होंने कहा कि 4 सालों में जो विकास कार्य कराए वो सिर्फ कागजों या फिर संपन्न कॉलोनियां हैं में ही हुए। मलिन बस्तियों की तरफ उनका कोई भी ध्यान नहीं गया। आज इन बस्तियों में स्थिति विकराल हो चुकी है और भाजपा जनप्रतिनिधि सबका साथ सबका विकास का नारा लगा रहे है।

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