देखिये योगी जी, पढाई का काम छोड़कर शिक्षक ये ढ़ोने को मजबूर

आगरा। केंद्र और प्रदेश की सरकार है भले ही शिक्षा को बढ़ावा देने के लाख जतन कर रही हो लेकिन आगरा में सरकार की मंशा को पलीता लगता नजर आ रहा है। आलम यह है कि पिनाहट ब्लाक के हुसैनपुरा प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक शिक्षा का काम छोड़ बच्चों के लिए बच्चों के लिए दूर दराज से पानी ढोकर लाने को मजबूर है। जब न्यूज़ टीम ने विद्यालय में तैनात शिक्षक से पानी लाने का कारण पूछा तो उनका कहना था कि विगत 12 महीने से वह बीएसए कार्यालय को पत्र लिख रहे हैं लेकिन लंबा समय गुजर जाने के बाद भी हेडपंप ठीक नहीं हो सका है जिसके चलते बच्चों के गले को तर करने के लिए शिक्षक को पानी ढोने का काम भी उन्हें करना पड़ रहा है।

पढ़ने वाले छोटे-छोटे बच्चों का कहना था कि हेडपंप खराब हुए बहुत समय हो गया लेकिन अभी तक हेडपंप ठीक नहीं कराया गया है जिसकी वजह से मास्टर साहब को पानी लाना पड़ रहा है। उसके बाद ही हम लोगों की प्यास बुझ पाती है।

इस पूरे मामले पर जब आगरा की बीएससी अर्चना गुप्ता से बात की गई तो वह मामले को गंभीरता से लेती नजर आयीं। उनका कहना है कि उन्हें और भी कई विद्यालयों से इस तरह की शिकायतें मिली है और मुख्य विकास अधिकारी से वार्ता होने की बात कहते हुए उन्होंने जल्द ही हैंडपंपों को दुरुस्त कराने और पानी की पर्याप्त व्यवस्था का आश्वासन भी दिया।

भले ही बीएसए इस मामले को अब गंभीरता से लेने की बात कर रही हों लेकिन अब तक आगरा का प्रशासन और बीएसए सरकार की मंशा को पलीता लगाने में लगे हैं। जहां शिक्षा के नाम पर एक और शिक्षक पानी ढूंढने को मजबूर है तो वहीं छोटे-छोटे नौनिहाल गला तर करने के लिए पानी के इंतजार में बैठे नजर आते हैं। बहरहाल यह तस्वीर कब तक बदल पाती है यह देखने वाली बात होगी।

शहर वासियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएं, मून ब्रेकिंग

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*